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अंतरराष्ट्रीय स्वयं सेवी संस्था आर्ट ऑफ लिविंग और मानवीय मूल्यों के लिए अंतर्राष्ट्रीय संघ'(IAHV) निरंतर राहत और पुनर्वास प्रयासों में है शामिल, फिर बांटी पुनर्वास सामग्री

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अंतरराष्ट्रीय स्वयं सेवी व धार्मिक संस्था आर्ट ऑफ लिविंग की आपदा प्रभावितों व जरुरतमंदों की सहायता के लिए स्थापित मानवीय मूल्यों के लिए अंतर्राष्ट्रीय संघ'(IAHV) विश्व भर में निरंतर राहत और पुनर्वास कार्यों में शामिल है। इस सहयोग का उद्देश्य प्राकृतिक आपदाओं से प्रभावित परिवारों को सही से मदद देना है। बीते वर्ष बरसात में मंडी ज़िला के कई क्षेत्रों में हुई भयंकर तबाही के दौरान साध्वी अमृता के नेतृत्व में अपनी जान को जोखिम में डालकर दिल खोलकर पीड़ितों की मदद की । इन प्रभावितों को मदद करने के लिए एक बार फिर संस्था ने अपने नदम आगे बढ़ाए हैं । पुनर्वास की सामग्री प्राप्त करने वाले परिवार मंडी ज़िले की कई पंचायतों से थे, जिनमें प्रमुख रूप से थुनाग, सुराह, शरण, जुड़, लाम्ब, लंबाथाच, कुथाह, पांडवशिला, छतरी और सुराह, सरोआ आदि पंचायतें शामिल रहीं। राहत सामग्री डबल बैड(दीवान), अलमारी, कुर्सियां, टेबल, गद्दे, तकिये आदि राहत सामग्री उपलब्ध करवाई गई। ऐसे ही 25 परिवारों को पुनर्वास की राहत सामग्री प्रदान की गई है जिनके घर पूरी तरह से त्रासदी में नष्ट हो चुके है जो कि किराए पर या फिर तहसील या फिर रिश्तेदारों के घरों में रह रहे है।लोगों को इससे काफी सहारा मिलेगा जब वो खुद के घरों नयें सामान के साथ शिफ्ट होंगें। लोगों ने संस्था का आभार व्यक्त किया।

स्थानीय प्रतिनिधियों और स्वयंसेवकों के सहयोग से यह वितरण सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ।

इस अवसर पर एसडीएम संजीत शर्मा और डीएफओ नाचन एसएस कश्यप विशेष रूप से उपस्थित रहें। दोनों ने संस्था के द्वारा की गई राहत सेवाओं की प्रशंसा की।

इन सभी प्रयासों का नेतृत्व कर रही साध्वी अमृता स्थानीय स्तर पर तहसील थुनाग, चच्योट में लगातार 9 जुलाई से अक्टूबर(3 महीना) स्वयं मौजूद रही और 30 से भी अधिक गाँव तक कई किलोमीटर पैदल जा कर लोगों तक पहुंच कर उनके दुख को कम करने के लिए ध्यान शिविर लगायें जिससे लोगों का तनाव कम हुआ और राहत शिविर फायरब्रिगेड ऑफिस,एसडीआरएफ(SDRF), राहत कैंपों, गावों, घरोंमें, स्कूलों में और जहां संभव हुआ ध्यान करवाए गए ताकि लोगों में शांति बनी रहें। स्वयंसेवकों के माध्यम से जरूरत की राहत सामग्री भी उपलब्ध कराई। त्रासदी में 9 जुलाई से गुरुदेव श्री श्री रविशंकर जी की संस्था ने जिला मंडी और कुल्लू में आपातकालीन, राहत पुनर्वास के लिये 20 लाख तक की सामग्री वितरित की है। थुनाग और चच्योट में हजार से अधिक लोग ध्यान कर चुकें है। संस्था 275 परिवारों तक ज़रूरत की सामग्री वितरित कर चुकी है।

ऐसी प्राकृतिक आपदाओ आपातकालीन राहत और पुनर्वास परिस्थितियों में संस्था हमेशा से ही सेवाओं में तत्पर रही है और आगे भी रहेगी।

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