कुल्लू ज़िला के आनी में कुदरत का कहर,स्कूल से लौट रही 4 शिक्षिकाएँ बनी काल का ग्रास,तीन अन्य लोग घायल, बोलेरो गाड़ी के ऊपर तूफान से उखड़े चीड़ के पेड़ के गिरने से हुआ हादसा
ज़िला कुल्लू में कुदरत ने ऐसा कहर बरपाया जिसने चार अध्यापिकाओं की जीवन लीला ही समाप्त कर दी । आज शाम को जिले के आनी के शमशर-गुगरा मार्ग पर ये दर्दनाक हादसा पेश आया । पुलिस ने चारों शवों को कब्जे में ले लिया और घायलों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया । जानकारी के मुताबिक आज दोपहर बाद मौसम ने करवट बदली और आंधी तूफान व बारिश होने लगी, करीब शाम 5 बजे बाली-ओल के समीप तेज आंधी-तूफान के चलते एक विशाल चीड़ का पेड़ चलती बोलेरो गाड़ी पर गिर गया. हादसे में वाहन पेड़ समेत सड़क से नीचे पलट गया और वाहन के परखच्चे उड़ गए, जिसमें चार अध्यापिकाओं की मौत हो गई, जबकि तीन अन्य लोग घायल हो गए। बोलेरो में चालक सहित कुल सात लोग सवार थे, जिनमें छह महिला शिक्षक थी. अचानक आए तेज तूफान के कारण चलती गाड़ी के ऊपर चीड़ का विशाल वृक्ष गिरा औऱ फिर पेड़ समेत वाहन खाई में जा गिरा । इस दिल दहला देने वाली दुर्घटना में जान गवाने वालों में स्नेह लता (38) पत्नी टीका नंद, गांव पारलीधार, डाकघर कमांद, तहसील आनी, बंती कौंडल पत्नी हेम दत्त, गांव लामीसेरी, आनी, उषा कुमारी (43) पत्नी मदन लाल, गांव तराला, डाकघर जाओं, तहसील आनी, सीमा आजाद (54) पत्नी जिया लाल आजाद, गांव रोपड़ी, डाकघर एवं तहसील आनी शामिल हैं ।
मुख्यमंत्री सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने इस दुखद हादसे में चार लोगों की मृत्यु पर गहरा शोक व्यक्त किया है।
मुख्यमंत्री ने शोक संतप्त परिजनों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए ईश्वर से दिवंगत की आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की। उन्होंने घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।
ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने जिला प्रशासन को प्रभावित परिवारों को हर संभव सहायता प्रदान करने और घायलों को बेहतरीन चिकित्सा सुविधा सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
