Today News Hunt

News From Truth

मुख्यमंत्री ने सरकार की नीतियों एवं कार्यक्रमों के प्रभावी प्रचार के लिए आधुनिक तकनीकें अपनाने और जन सम्पर्क व्यवसायियों को मीडिया की आवश्यकता के मुताबिक बदलने की जताई आवश्यकता

1 min read
Spread the love

प्रदेश सरकार की नीतियों, कार्यक्रमों और पहलों के समुचित एवं व्यापक प्रसार के लिए आधुनिक तकनीकों और सोशल मीडिया के प्रभावी उपयोग पर अधिक बल दिया जाना चाहिए। यह बात मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर ने आज शिमला में वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कही।

जय राम ठाकुर ने कहा कि विभाग के अधिकारियों को नवाचार सोच को अपनाना चाहिए और सकारात्मक, सफलता और विकासात्मक गतिविधियों पर आधारित खबरों को मीडिया तक पहुंचाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को मीडियाकर्मियों के साथ व्यक्तिगत सम्पर्क बनाए रखने चाहिए। विभाग को प्रिंट और इलैक्ट्राॅनिक मीडिया के लिए अलग से कहानियां तैयार करने के लिए कार्ययोजना बनानी चाहिए ताकि पर्याप्त कवरेज मिल सके।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कोविड-19 संकट ने मीडिया के परिदृश्य को काफी बदल दिया है इसलिए जन सम्पर्क व्यवसायियों को मीडिया की आवश्यकता के अनुसार स्वयं को बदलना चाहिए। उन्होंने कहा कि मीडिया में आने वाली तथ्यविहीन खबरों का तुरन्त खण्डन करने पर विशेष बल देना चाहिए। जिला लोक सम्पर्क अधिकारियों को भी अपने जिले की नकारात्मक खबरों को निदेशालय के साथ-साथ सम्बन्धित जिले के मंत्रियों के संज्ञान में लाना चाहिए।

जय राम ठाकुर ने कहा कि विकासात्मक लेख लिखवाने के लिए प्रसिद्ध लेखकों और श्रेष्ठ पेशेवरों की सहायता लेनी चाहिए जिन्हें प्रिंट मीडिया में प्रकाशित किया जा सकता है। इसी प्रकार, इलैक्ट्राॅनिक मीडिया के लिए भी विकासात्मक कहानियां तैयार की जा सकतीं हैं ताकि इन्हें सही परिपे्रक्ष्य में उजागर किया जा सके। उन्होंने कहा कि इस महामारी के दौरान मीडिया की ओर से पूछे जाने वाले प्रश्नों के जवाब के लिए एक बेहतर तंत्र विकसित किया जाना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य मुख्यालय, क्षेत्रीय, जिला और उप-मण्डल स्तर पर बेहतर तालमेल स्थापित करने के लिए उचित प्रणाली विकसित की जानी चाहिए ताकि विभिन्न मीडिया के माध्यमों से विभिन्न प्रकार की खबरों की गहनता से समीक्षा कर सामूहिक मीडिया रणनीति तैयार की जा सके। उन्होंने कहा कि जोनल अधिकारियों को विभिन्न मीडिया समूहों के सम्पादकों और वरिष्ठ पत्रकारों के साथ सम्पर्क बनाए रखना चाहिए।

जय राम ठाकुर ने कहा कि पीआर पेशेवरों को यह भी सुनिश्चित करना चाहिए कि उन्हें विभिन्न विभागों से पर्याप्त सकारात्मक समाचार मिलें ताकि सोशल और प्रिंट मीडिया में इनका उपयोग किया जा सके। सकारात्मक समाचारों के उचित प्रचार के लिए स्थानीय एमएम चैनलों, कम्यूनिटी रेडियो या अन्य मीडिया मंचों का प्रभावी उपयोग भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इस महामारी के दौरान पीआर पेशेवरों की भूमिका कई गुणा बढ़ गई है क्योंकि उन्हें जनता के मन में विश्वास जगाने के लिए सरकार और सरकारी संस्थाओं की सकारात्मक छवि बनाने पर कार्य करना होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि मीडिया के बदलते परिदृश्य के बीच यह महत्वपूर्ण है कि पीआर पेशेवर चुनौतियों से पार पाने के लिए अपना कौशल उन्नयन करें। विभाग को सरकार और आम लोगों के बीच एक सेतू के रूप में कार्य कर प्रभावी प्रतिक्रिया तंत्र विकसित करना चाहिए ताकि सरकार को अपनी नीतियों और कार्यक्रमों के बारे में वास्तविक प्रतिक्रिया मिल सके।

जय राम ठाकुर ने सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग की बुकलेट ‘होम आइसोलेशन’ भी जारी की जिसमें होम आइसोलेशन में रह रहे व्यक्तियों के लिए जानकारी प्रदान की गई है कि इस दौरान किन बातों की सावधानी रखनी है और वे अपना बचाव कैसे कर सकते हैं।

निदेशक सूचना एवं जन सम्पर्क हरबसं सिंह ब्रसकोन ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया और राज्य सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों के प्रभावी कार्यान्वयन के संबंध में विभाग द्वारा उठाए गए कदमों के बारे में विस्तृत प्रस्तुति दी।

विभाग के अधिकारियों ने सरकार की नीतियों और कार्यक्रमों के बेहतर प्रचार-प्रसार के लिए उठाए गए कदमों की विस्तृत जानकारी दी।

शहरी विकास मंत्री सुरेश भारद्वाज, सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री डाॅ. राम लाल मारकण्डा, स्वास्थ मंत्री डाॅ. राजीव सैजल, मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार त्रिलोक जम्वाल, अतिरिक्त मुख्य सचिव, सूचना एवं जन सम्पर्क जे.सी. शर्मा, स्वास्थ्य सचिव अमिताभ अवस्थी सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी बैठक में उपस्थित थे।

       

Leave a Reply

Your email address will not be published.

You may have missed